संतों की वाणी से बहेगी भक्ति की धारा
टेलीग्राम संवाद
बदायूं। जब मनुष्य सांसारिक आपाधापी से कुछ पल विराम लेकर भगवान शिव की शरण में पहुंचता है, तो भक्ति केवल पूजा-पाठ तक सीमित नहीं रहती, बल्कि आत्मचिंतन और जीवन के सत्य को समझने का माध्यम बन जाती है। इसी आध्यात्मिक भावभूमि पर बदायूं के ककरपुर में नव दिवसीय श्री शिव महापुराण कथा का आयोजन होने जा रहा है। आयोजन में कथा व्यास महामंडलेश्वर अनन्तश्री विभूषित ब्रह्मऋषि पूज्यपाद अनन्तदास खाकी जी महाराज शिव महापुराण की कथा का वाचन करेंगे। कथा के माध्यम से श्रद्धालुओं को भगवान शिव के स्वरूप, शिव तत्व और सनातन आध्यात्मिक परंपरा के विभिन्न प्रसंगों का श्रवण करने का अवसर मिलेगा।
27 सितंबर से शुरू होगी कथा
आयोजन के अनुसार 27 सितंबर से 5 अक्टूबर तक प्रतिदिन दोपहर 2 बजे से शाम 6 बजे तक श्री शिव महापुराण कथा का आयोजन होगा। कथा के साथ विभिन्न धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तावित हैं। आयोजन स्थल शिव शक्ति फार्म हाउस, नथराशा बाजार, ककरपुर, बदायूं बताया गया है।
शिव तांडव गायन से लेकर कवि सम्मेलन तक
धार्मिक आयोजन में श्रद्धालुओं के लिए कई कार्यक्रम आकर्षण का केंद्र रहेंगे। 27 सितंबर की सुबह 8 बजे कलश यात्रा निकाली जाएगी। इसके बाद 2 अक्टूबर को शाम 4 बजे भव्य शिव बारात का आयोजन होगा। 3 अक्टूबर को शाम 6 बजे पूज्य कालीचरण जी महाराज द्वारा शिव तांडव का गायन किया जाएगा। वहीं 4 अक्टूबर को शाम 5 बजे कवि सम्मेलन आयोजित होगा। आयोजन का समापन 6 अक्टूबर को विशाल भंडारे के साथ किया जाएगा।
संतों की वाणी से शिव तत्व का होगा बोध
कथा आयोजन में संत कवि सात्विक नीलदीप जी महाराज की भी उपस्थिति रहेगी। धार्मिक कार्यक्रमों के माध्यम से श्रद्धालुओं को भक्ति, अध्यात्म और सनातन परंपरा से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा। आयोजकों के अनुसार कथा के दौरान भगवान शिव के चरित्र, महिमा और शिव भक्ति से जुड़े प्रसंगों का श्रवण श्रद्धालुओं को कराया जाएगा।
श्रद्धालुओं के लिए विशेष व्यवस्था
नव दिवसीय श्री शिव महापुराण कथा में श्रद्धांजलि के लिए विशेष व्यवस्था की गई है जिससे उनका कोई दिक्कत ना हो आने-जाने में।
आयोजन की जिम्मेदारी राहुल कुमार सिंह की ओर से संभाली जा रही है। आयोजन स्थल और संपर्क के लिए 9410442222 एवं 9410022644 नंबर जारी किए गए हैं। आयोजन समिति ने श्रद्धालुओं से धार्मिक कार्यक्रमों में सहभागी बनकर कथा श्रवण और भगवान शिव की आराधना का लाभ लेने की अपील की है।














